कमरदर्द क्या है? कैसे होता है? क्या लक्षण हैं? कैसे बचें?

By | November 17, 2019

कमरदर्द क्या है? कैसे होता है? क्या लक्षण हैं? कैसे बचें?

कमरदर्द क्या है , कमर का दर्द कमर तोड़ देता है। कमर का दर्द असहनीय होता है। पीठ दर्द, कमर दर्द, सरवाइकल और कमर से जुड़ी अन्य समस्याएं आम हो गई है।  बहुत सारे वयस्कों को यह समस्या अक्सर महसूस होती है। कमर में मोच या तनाव होने से मांसपेशीयॉं अकड़ती है। अक्सर यह कमरदर्द का कारण होता है। तनावपूर्ण अवस्था में ज्यादा समय काम करना या खडे रहना, भारी बोझ उठाना या आगे झुककर लंबे समय तक काम करना ये कारण सभी को ज्ञात है। गर्भावस्था में या तोंद के कारण शरीर का गुरुत्वबिंदू आगे पडता है। इससे रीढ पर तनाव आता है। कभी कभी कमरदर्द केवल मानसिक तनाव के कारण होता है, फिर भी ईलाज जरुरी है। गलत अवस्था में बैठकर कॉम्प्युटर याने संगणक का काम ज्यादा समय करना कमरदर्द का एक कारण हो सकता है।

कमरदर्द क्या है

कमरदर्द’ इतना आम माना जाता है कि हम इस पर खास तवज्जो नहीं देते. कमरदर्द हो रहा हो तो हम आमतौर पर स्वयं को यह कहकर आश्वस्त करने की कोशिश करते है कि शायद गलत वजन उठा लिया होगा या शायद गद्दा-बिस्तर ठीक नहीं है या हम गलत मुद्रा में बैठकर टीवी देख रहे थे. या फिर कि एसी के ठीक सामने हमारी कुर्सी है न इसलिए कमरदर्द है शायद! इसमें भी औरतों के कमरदर्द को तो हम किसी गिनती में ही नहीं लाते. औरतों को तो कमरदर्द होता ही रहता है, साहब. घर के इतने काम, उठाधरी, झुकना, झुकाना, माहवारी वाले वे कठिन दिन. उनको तो इनमें से किसी भी कारण से दर्द हो सकता है. इसमें क्या ध्यान देना? प्राय: यही सोच होती है हमारी.

कैल्शियम मेटाबॉलिज्म का नियंत्रण करने वाले सिस्टम (पैराथायरॉइड/ विटामिन डी/ किडनी आदि) की गड़बड़ी भी हड्डियों को कमजोर करके कमरदर्द कर सकती है. फिर? हम क्या करें, डॉक्टर साहब? आपने तो डरा भी दिया और भ्रमित भी कर दिया. हां मैंने किया. कई बार डराना और उचित भ्रम पैदा करना भी आवश्यक होता है ताकि हम जानें कि बीमारी ऐसी भी नहीं है कि हम उसे नजरअंदाज करें.

बीमारी की पहचान कैसे करे और इसके लक्षण क्या है:-

  • पीठ के निचले हिस्से में दर्द और जकड़न महसूस होना।
  • दर्द आमतौर पर रात में या आराम करने पर ठीक हो जाता है।
  • पीठ दर्द कमर और कूल्हों तक फैल गया हो ।
  • पैर का सुन्न होना ।
  • चलते समय परेशानी होना ।
  • चलने या व्यायाम करने पर दर्द और बढ़ जाता है ।
  • हो सकता है ऊपर दिए गए लक्षणों में कुछ लक्षण शामिल न हो।
  • चक्कर आना

बीमारी से बचाव के उपाय:-

  • डॉक्टर को नियमित रूप से दिखाएं।
  • डॉक्टर के निर्देशों को सुनें और डॉक्टर से पूछे बिना दवाएं न लें।
  • यदि आवश्यक हो तो दर्द निवारक दवाएं लें।
  • अगर दर्द बहुत ज्यादा हो तो थोड़ा आराम करें।
  • अपनी पीठ की हड्डी को स्वस्थ रखने के लिए व्यायाम करें।
  • भारी वस्तुओं को उठाने से बचें। यदि आवश्यक हो तो सही तरीके से सामान उठाएं।
  • मेरुदंड से जुडा कमरदर्द न हो तब आराम, एकाध दर्दनाशक दवा या मरहम से इलाज पर्याप्त है। लेकिन दर्द ठीक होने के लिये हप्ताभर ही समय लग सकता है ।
  • दर्दनाशक दवा खाली पेट नहीं देना चाहिये।
  • हलके तेल मालिश के प्रयोग से अच्छा लगता है लेकिन इसमे ज्यादती न करे।
  • आयुर्वेद के अनुसार कुछ औषधीयुक्त तेल विशेष उपयुक्त है। होमिओपथी में कुछ दवाएं असरदार है जैसे की अर्निका।

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